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Wp/mag/स्थिर विद्युत

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फिसलपट्टीके सम्पर्कमे आवेके कारण लैकनके केश पर धनात्मक आवेश आ गेल हे आउ एकर केश एक-दोसराके प्रतिकर्षित (दूर ढकेल) करैत हे ।
वायुयानमे ईन्धन भरैत खन्नि स्थैतिक विद्युतके कारण आग पकड़ेके डर बनल रहहे ।

भौतिकशास्त्रमे स्थिर विद्युत (static electricity) के अन्तर्गत आवेशके स्थिर (गतिहीन) अवस्थामे होवेवाला प्रभाव एवं घटनाके अध्ययन कैल जा हे ।

स्थिर विद्युतसे अभिप्राय कौनो वस्तुके सतह पर निर्मित भेल विद्युत आवेशसे हे । आवेश पदार्थके ऊ गुण हे जेकर द्वारा ऊ वैद्युत प्रभाव एवं चुम्बकीय प्रभाव उत्पन्न करहे । ई स्थिर आवेश ऊ वस्तु पर तखनि तक उपस्थित रहहे जखनि तक कि ई भूमिमे न बह जाये या फिर ई निरावेशण (discharge) द्वारा अनाविष्ट (neutralize) न हो जाये । जखनियो दु सतह एक दोसराके सम्पर्कमे आवहे या पृथक होवहे त आवेशके अन्तरण होवहे, किन्तु यदि दुनो सतहमे से एकमे विद्युत प्रवाहके प्रति उच्च प्रतिरोध (विद्युत विसंवाहक) होवे त स्थिर आवेश यथावत रहहे ।

हमनीमे से अधिकतर लोग स्थिर विद्युतके प्रभावसे परिचित ही काहेकि हमनी एकरा अनुभव कर सकही, जखनि कौनो आवेशित वस्तुके कौनो विद्युत चालक (जैसे भूमिसे जुड़ल चालक) या फिर विपरीत ध्रुवताके उच्चावेशित क्षेत्रके निकट लावल जा हे त हमनी ऊ चिङ्गारीके देख आउ सुन सकही जे अतिरिक्त आवेशके अनाविष्ट होवेके चलते उत्पन्न होवहे । एक स्थिर विद्युतके झटका एही आवेश अनाविष्टिके परिणाम होवहे ।

इहो देखी

सन्दर्भ