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Wp/mag/सदिश राशि

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सदिशके एक तीरयुक्त रेखा द्वारा निरूपित कैल जाहे । ई रेखाके लम्बाई ऊ सदिशके परिणामके समानुपाती होवहे एवं तीरके दिशा ई सदिशके दिशा बतावहे ।

जौन भौतिक राशिमे मात्रा (परिमाण) एवं दिशा दुनो निहित होवहे ओकरा सदिश राशि कहल जाहे । सदिश राशिके उदाहरण हे - वेग, बल, संवेग इत्यादि । जौन राशिमे खाली परिमाण होवहे ओकरा अदिश राशि कहल जाहे, जैसे - चाल, दूरी, द्रव्यमान, आयतन, ताप, समय इत्यादि ।

सदिश राशिके अदिशसे अलगे बुझेके कारण ई हे कि हमनी कखनियो-कखनियो केहु राशिके दिशाके ज्ञान कैल आवश्यक होवहे । जैसेकि जमीन पर रखल कौनो बक्सा पर बल कौन दिशामे लगैत हे आउ केत्ता लगैत हे - ई स्पष्टतया नै बतावल जाय त ई कहल कठिन हे कि बक्सा घसकत कि न । यदि हमनी बल उपरेसे नीचे दन्ने लगावी त बक्सा केत्तो बल लगावेसे नै घसकत । पर यदि हमनी एकर क्षैतिज रूपसे लगावी त एक नियत मात्राके बलके बाद ई घसके लगत । गणित एवं भौतिक विज्ञानमे सदिशके बडी उपयोग हे ।

सदिशसे सम्बन्धित गणित

सदिश योग

c→=a→+b→
c→=a→+b→

दु या अधिक सदिशके योग निकालेला ज्यामितिके प्रयोग कैल जाहे । उदाहरणला सामनेके चित्रमे दु सदिशके योग निकालेला 'त्रिभुजके नियम' के प्रयोग कैल गेलहे । c→=a→+b→

यदि सदिश अपन घटकके रूपमे देल गेल होवे त उनकर योग घटकके योग निकालके कैल जा सकहे । मानी दु सदिश अपन n-घटकके रूपमे देल गेलहे ।

a→=(a1,a2,...,an) एवं
b→=(b1,b2,...,bn)

त इनकर योग c→=a→+b→ निम्नलिखित होत:

c→=(a1+b1,a2+b2,...,an+bn)


सदिशके योगमे निम्नलिखित दु नियमके पालन होवहे:

a→+b→=b→+a→
a→+(b→+c→)=(a→+b→)+c→

सदिशके व्यकलन (घटाना)

सदिशोके घटाव
सदिशोके घटाव

सदिशके घटाओ ओइसहीँ कैल जाहे जैसे सदिशके योग । सदिश a→ आउ सदिश b→ के अन्तर वास्तवमे सदिश a→ आउ −b→ के योगे हे । यदि सदिश अपन घटकके रूपमे देल होवे तैयो ओही प्रकारसे ओकरा घटावल जाहे:

a→−b→=(a1−b1,a2−b2,...,an−bn)

यदि देल सदिश ई होवे

a→=(a1,a2,...,an) आउ
b→=(b1,b2,...,bn)

यदि हमनी केहु सदिश a→ मे ओकर समान परिणाम किन्तु विपरीत दिशा वाला सदिश −a→ के जोड़ही त हमनीके शून्य सदिश प्राप्त होवहे, जेकर परिमाण शून्य होवहे ।

a→+(−a→)=a→−a→=(a1−a1,a2−a2,...,an−an)=(0,0,...,0)=O

सदिश गुणन

एक सदिशमे अदिश (स्केलर) 3 के गुणनला ऊ सदिशके 3 बेर जोड़ देल जाहे ।
सदिशके कौनो सङ्ख्यासे गुणन

कौनो सदिशमे केहु सङ्ख्या (स्केलर) के गुणा कैल जाये ते परिणाममे जे सदिश भेटहे ओकर परिमाण ऊ सदिश आउ ओह सङ्ख्याके गुणनफलके बराबर होवहे जखनिकि ओकर दिशा मूल सदिशके दिशे रहहे । उदाहरणला सदिश a→ मे सङ्ख्या k के गुणा करेपर परिणामी सदिशके सभ घटक मूल सदिशके सभ घटकके k गुना हो जैतै:

k⋅a→=k⋅(a1,a2,...,an)=(ka1,ka2,...,kan)
दु सदिशके 'सदिश गुणन'

दु सदिशके सदिश गुणनके परिणाम एक सदिश होवहे । सदिश गुणनला × चिह्नके प्रयोग कैल जाहे । सदिश गुणनसे प्राप्त सदिशके परिमाण निम्नलिखित होवहे:

|a→×b→|=|a→|⋅|b→|⋅sin⁡α

जन्ने α दुनो सदिशके बीचके कोण हे । परिणामी सदिशके दिशा दुनो सदिश |a→| और |b→| के लम्बवत दिशामे होवहे ।

यदि दु सदिशके तीन परस्पर लम्बवत घटक देल गेल होवे, जैसे a→=(a1,a2,a3) आउ b→=(b1,b2,b3) त उनकर सदिश गुणनके परिणामी सदिश निम्नलिखित होत:

a→×b→=|e→1e→2e→3a1a2a3b1b2b3|=(|a2a3b2b3|,|a3a1b3b1|,|a1a2b1b2|)
दु सदिशके 'अदिश गुणन'

दु सदिशके गुणा करेके एक आउ बिधि हे, जेकरा 'अदिश गुणन' (स्केलर गुणन) कहल जाहे । अदिश गुणनके परिणामस्वरुप एक अदिश राशि भेटहे, एहीसे एकर नाम 'अदिश गुणन' हे । अदिश गुणनके बिन्दु (डॉट) द्वारा दर्शावल जाहे ।

a→⋅b→=a1b1+a2b2+a3b3

आउ

a→⋅b→=|a→||b→|cos⁡α

भौतिकशास्त्रमे बल एवं बल द्वारा वस्तुमे कैल गेल विस्थापनके अदिश गुणन करेसे कार्यके गणना कैल जाहे ।

इहो देखी

बाहरी कड़ी