Wp/mag/विमा (गणित)
| ज्यामिति |
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ओक्सीरिङ्कस पेपिरस (P.Oxy. I 29) जे यूक्लिडके एलीमेण्ट्सके एक टुकड़ा देखावैत हे |
| ज्यामितिके इतिहास |
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अनुसन्धानके क्षेत्र |
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महत्वपूर्ण अवधारणा बिन्दु · सरल रेखा · लम्बवत · समानान्तर · रेखाखण्ड · किरण · समतल · लम्बाई · क्षेत्रफल · आयतन · शीर्ष · कोण · सर्वांगसमता · समरूपता · बहुभुज · त्रिभुज · उच्चता · कर्ण · पायथोगोरस प्रमेय · चतुर्भुज · समलम्ब · पतङ्ग · चतुर्भुज (तिर्यग्वर्ग, आयत, विषमकोण, वर्ग) · विकर्ण · सममिति · वक्र · वृत्त · चक्रके क्षेत्रफल · परिधि · व्यास · बेलन · गोला · पिरामिड आकार · आयाम (एक, दु, तीन, चार) |
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रेखागणितज्ञ आर्यभट्ट · आमेस · एपोलोनियस · आर्किमिडिज़ · बौधायन · ब्रह्मगुप्त · यूक्लिड · पाइथागोरस · खय्याम · देकार्त · पास्कल · ओइलर · गॉस · इब्न अल-यासमीन · ज्येष्ठदेव · कात्यायन · लोबाचेव्स्की · मानवा · मिङ्गगातु · रीमैन · क्लेन · परमेश्वर · पाङ्करे · सिज्जी · हिल्बर्ट · मिन्कोव्स्की · कार्टन · वेब्लेन · सकाबे कोहान · ग्रोमोव · अतियाह · वीरसेन · याङ्ग हुइ · यसौकी ऐदा · जङ्ग हेङ्ग |

गणित आउ भौतिकशास्त्रमे कौनो वस्तु या दिक् (स्पेस) के ओत्ता विमा या डायमेन्शन होवहे जेत्ता निर्देशाङ्क (को-ओरडिनेट्स) ऊ वस्तु या दिक् के भीतरेके हर बिन्दुके स्थानके पूरा प्रकार व्यक्त करेला चाहल होवहे । एक रेखा पर केहु बिन्दुके स्थान बतावेला खाली एके निर्देशाङ्क जरूरी हे, एहीसे रेखा एकायामी होवहे । कौनो गोलाके सतह पर केहु बिन्दुके स्थानला दु निर्देशाङ्क (अक्षांश आउ रेखांश) पर्याप्त हे एहीसे ऐसन सतह दु-आयामी होवहे । जौन दिक् मे मनुष्य रहहे ओकरामे तीन निर्देशाङ्कके आवश्यकता हे, एहीसे ई त्रि-आयामी होवहे । गणितमे चार या चारसे अधिक विमाके दिकको कल्पना कैल जा हे, हालाँकि मनुष्य स्वयं केवल त्रि-आयामी दिकेके अनुभव कर सकहे । अनौपचारिक भाषामे कहल जा सकहे कि मनुष्यके दृष्टिसे हमनीके अस्तित्वके दिक् के तीन पहलू या विमा हे - ऊपरे-नीचे, आगे-पीछे आउ दहिना-बामा ।
इहो देखी